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भारतीय सिनेमा

सूची भारतीय सिनेमा

भारतीय सिनेमा के अन्तर्गत भारत के विभिन्न भागों और भाषाओं में बनने वाली फिल्में आती हैं जिनमें आंध्र प्रदेश और तेलंगाना, असम, बिहार, उत्तर प्रदेश, गुजरात, हरियाणा, जम्मू एवं कश्मीर, झारखंड, कर्नाटक, केरल, महाराष्ट्र, ओडिशा, पंजाब, राजस्थान, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और बॉलीवुड शामिल हैं। भारतीय सिनेमा ने २०वीं सदी की शुरुआत से ही विश्व के चलचित्र जगत पर गहरा प्रभाव छोड़ा है।। भारतीय फिल्मों का अनुकरण पूरे दक्षिणी एशिया, ग्रेटर मध्य पूर्व, दक्षिण पूर्व एशिया और पूर्व सोवियत संघ में भी होता है। भारतीय प्रवासियों की बढ़ती संख्या की वजह से अब संयुक्त राज्य अमरीका और यूनाइटेड किंगडम भी भारतीय फिल्मों के लिए एक महत्वपूर्ण बाजार बन गए हैं। एक माध्यम(परिवर्तन) के रूप में सिनेमा ने देश में अभूतपूर्व लोकप्रियता हासिल की और सिनेमा की लोकप्रियता का इसी से अन्दाजा लगाया जा सकता है कि यहाँ सभी भाषाओं में मिलाकर प्रति वर्ष 1,600 तक फिल्में बनी हैं। दादा साहेब फाल्के भारतीय सिनेमा के जनक के रूप में जाना जाते हैं। दादा साहब फाल्के के भारतीय सिनेमा में आजीवन योगदान के प्रतीक स्वरुप और 1969 में दादा साहब के जन्म शताब्दी वर्ष में भारत सरकार द्वारा दादा साहेब फाल्के पुरस्कार की स्थापना उनके सम्मान में की गयी। आज यह भारतीय सिनेमा का सबसे प्रतिष्ठित और वांछित पुरस्कार हो गया है। २०वीं सदी में भारतीय सिनेमा, संयुक्त राज्य अमरीका का सिनेमा हॉलीवुड तथा चीनी फिल्म उद्योग के साथ एक वैश्विक उद्योग बन गया।Khanna, 155 2013 में भारत वार्षिक फिल्म निर्माण में पहले स्थान पर था इसके बाद नाइजीरिया सिनेमा, हॉलीवुड और चीन के सिनेमा का स्थान आता है। वर्ष 2012 में भारत में 1602 फ़िल्मों का निर्माण हुआ जिसमें तमिल सिनेमा अग्रणी रहा जिसके बाद तेलुगु और बॉलीवुड का स्थान आता है। भारतीय फ़िल्म उद्योग की वर्ष 2011 में कुल आय $1.86 अरब (₹ 93 अरब) की रही। जिसके वर्ष 2016 तक $3 अरब (₹ 150 अरब) तक पहुँचने का अनुमान है। बढ़ती हुई तकनीक और ग्लोबल प्रभाव ने भारतीय सिनेमा का चेहरा बदला है। अब सुपर हीरो तथा विज्ञानं कल्प जैसी फ़िल्में न केवल बन रही हैं बल्कि ऐसी कई फिल्में एंथीरन, रा.वन, ईगा और कृष 3 ब्लॉकबस्टर फिल्मों के रूप में सफल हुई है। भारतीय सिनेमा ने 90 से ज़्यादा देशों में बाजार पाया है जहाँ भारतीय फिल्मे प्रदर्शित होती हैं। Khanna, 158 सत्यजीत रे, ऋत्विक घटक, मृणाल सेन, अडूर गोपालकृष्णन, बुद्धदेव दासगुप्ता, जी अरविंदन, अपर्णा सेन, शाजी एन करुण, और गिरीश कासरावल्ली जैसे निर्देशकों ने समानांतर सिनेमा में महत्वपूर्ण योगदान दिया है और वैश्विक प्रशंसा जीती है। शेखर कपूर, मीरा नायर और दीपा मेहता सरीखे फिल्म निर्माताओं ने विदेशों में भी सफलता पाई है। 100% प्रत्यक्ष विदेशी निवेश के प्रावधान से 20वीं सेंचुरी फॉक्स, सोनी पिक्चर्स, वॉल्ट डिज्नी पिक्चर्स और वार्नर ब्रदर्स आदि विदेशी उद्यमों के लिए भारतीय फिल्म बाजार को आकर्षक बना दिया है। Khanna, 156 एवीएम प्रोडक्शंस, प्रसाद समूह, सन पिक्चर्स, पीवीपी सिनेमा,जी, यूटीवी, सुरेश प्रोडक्शंस, इरोज फिल्म्स, अयनगर्न इंटरनेशनल, पिरामिड साइमिरा, आस्कार फिल्म्स पीवीआर सिनेमा यशराज फिल्म्स धर्मा प्रोडक्शन्स और एडलैब्स आदि भारतीय उद्यमों ने भी फिल्म उत्पादन और वितरण में सफलता पाई। मल्टीप्लेक्स के लिए कर में छूट से भारत में मल्टीप्लेक्सों की संख्या बढ़ी है और फिल्म दर्शकों के लिए सुविधा भी। 2003 तक फिल्म निर्माण / वितरण / प्रदर्शन से सम्बंधित 30 से ज़्यादा कम्पनियां भारत के नेशनल स्टॉक एक्सचेंज में सूचीबद्ध की गयी थी जो फिल्म माध्यम के बढ़ते वाणिज्यिक प्रभाव और व्यसायिकरण का सबूत हैं। दक्षिण भारतीय फिल्म उद्योग दक्षिण भारत की चार फिल्म संस्कृतियों को एक इकाई के रूप में परिभाषित करता है। ये कन्नड़ सिनेमा, मलयालम सिनेमा, तेलुगू सिनेमा और तमिल सिनेमा हैं। हालाँकि ये स्वतंत्र रूप से विकसित हुए हैं लेकिन इनमे फिल्म कलाकारों और तकनीशियनों के आदान-प्रदान और वैष्वीकरण ने इस नई पहचान के जन्म में मदद की। भारत से बाहर निवास कर रहे प्रवासी भारतीय जिनकी संख्या आज लाखों में हैं, उनके लिए भारतीय फिल्में डीवीडी या व्यावसायिक रूप से संभव जगहों में स्क्रीनिंग के माध्यम से प्रदर्शित होती हैं। Potts, 74 इस विदेशी बाजार का भारतीय फिल्मों की आय में 12% तक का महत्वपूर्ण योगदान हो सकता है। इसके अलावा भारतीय सिनेमा में संगीत भी राजस्व का एक साधन है। फिल्मों के संगीत अधिकार एक फिल्म की 4 -5 % शुद्ध आय का साधन हो सकते हैं। .

84 संबंधों: चित्रलेखा (पत्रिका), चित्रा, चिनमयी, टिस्का चोपड़ा, एम एस सथ्यू, ऐश्वर्या राय बच्चन, झॉलीवुड, डब्बू रत्नाणी, तन्वी आज़मी, त्रिआयामी चलचित्र, दुश्मनी (1995 फ़िल्म), दीया मिर्ज़ा, नरगिस (अभिनेत्री), निडर नाडिया, नंदमुरी बालकृष्ण, नौशाद, पथ, पुनीत राजकुमार, प्रभास, प्रसून जोशी, प्रियंका चोपड़ा फिल्मोग्राफी, फ़िल्मफ़ेयर पुरस्कार, फ़िल्मफ़ेर, फाल्गुनी पाठक, फिल्‍मी दुनिया, फिल्‍मी कलियां, बाहुबली: द बिगनिंग (2015), भारत की संस्कृति, भारतीय चलचित्र अभिनेता सूची, भारतीय सिनेमा के सौ वर्ष, मामूट्टी, माला सेन, मुनमुन सेन, मुम्बई, मुंबई की संस्कृति, मृदु शक्ति, मोहनलाल (अभिनेता), राम नारायण, रामानंद सेनगुप्ता, रिया सेन, रोहिणी हट्टंगड़ी, लता मंगेशकर, शमिता शेट्टी, शहाणा गोस्वामी, श्रिया सरन, श्वेता तिवारी, सत्यजित राय, सबसे महंगी भारतीय फिल्मों की सूची, साधना सरगम, सारा लॉरेन, ..., सिमोन सिंह, संजीव कुमार, स्कारलेट विल्सन, हिन्दी सिनेमा, हेमलता, हीरो (2006 फ़िल्म), जमशेदपुर, जय हो (फ़िल्म), ज़िन्दगी तेरे नाम, जोधपुर, विल्लुपुरम चिन्नैया गणेशन, विजय (अभिनेता), वंस अपॉन अ टाइम इन मुंबई-दोबारा, वीना मलिक, गीतिकाव्य, आदि शंकराचार्य (फ़िल्म ), इलियाना डी'क्रूज़, कमल हासन, करीना कपूर, कलरीपायट्टु, किरन जुनेजा, किशोर कुमार, कविता कृष्णमूर्ति, कृष्णम राजू, के बालाचंदर, अनुपमा चोपड़ा, अमिताभ बच्चन, अलका याज्ञिक, अशोक कुमार (अभिनेता), अंतर्राष्ट्रीय भारतीय फ़िल्म अकादमी पुरस्कार, अक्षय कुमार को प्राप्त पुरस्कारों और नामांकनों की सूची, अक्किनेनी नागार्जुन, ऋत्विक घटक, ऋषिकेश मुखर्जी सूचकांक विस्तार (34 अधिक) »

चित्रलेखा (पत्रिका)

चित्रलेखा भारतीय सिनेमा पर केन्द्रित हिन्दी की एक फिल्मी पत्रिका है। .

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चित्रा

* चित्रा नक्षत्र - एक नक्षत्र का नाम है।.

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चिनमयी

चिनमयी श्रीपदा (तमिल:சின்மயி ஸ்ரீபதா) (अंग्रेजी:Chinmayi) एक भारतीय तमिल पार्श्वगायक है जो मुख्य रूप से तमिल फ़िल्मों में ही कार्य करती है। इनके अलाव चिनमयी ने कई हिंदी फ़िल्मों भी गाने गाये हैं। .

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टिस्का चोपड़ा

टिस्का चोपड़ा (अंग्रेजी:Tisca Chopra) (जन्म टिस्का ज़रीन अरोड़ा; १ नवम्बर १९७३) एक भारतीय फ़िल्म तथा स्टेज अभिनेत्री है। इनकी पहली हिन्दी फ़िल्म प्लेटफ़ॉर्म फ़िल्म थी जो १९९३ में प्रदर्शित हुई थी उस फ़िल्म टिस्का अजय देवगन की ये विपरीत थी। २००४ में इन्होंने प्रकाश झा की फ़िल्म लोकनायक में प्रभावती देवी का किरदार निभाया था। २००७ में आमिर ख़ान के साथ तारे जमीन पर फ़िल्म में काम करने का मौका मिला था। २०११ में टिस्का को मधुर भंडारकर की फ़िल्म दिल तो बच्चा है जी में अभिनय करने का मौका मिला था। २०१६ में टिस्का चोपड़ाको दो लगातार फ़िल्मों में काम करने को मौका। पहले घायल वन्स अगैन तथा १९ फ़रवरी २०१६ को प्रदर्शित हुई लवशुदा फ़िल्म में भी मौका मिला। .

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एम एस सथ्यू

मैसूर श्रीनिवास सथ्यू (जन्म मैसूर, कर्नाटक में)  भारत का एक प्रमुख फिल्म निर्देशक, स्टेज डिजाइनर और कला निर्देशक है। वह सब से ज़यादा भारत के विभाजन के आधार पर अपनी निर्देशकीय फिल्म गरम हवा (1973) के लिए जाना जाता है। उन्होंने 1975 में पद्मश्री से सम्मानित किया गया। Barnouw, Erik, and S. Krishnaswamy, Indian Film, New York and London, 1963.

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ऐश्वर्या राय बच्चन

ऐश्वर्या राय बच्चन (जन्म: 1 नवम्बर 1973) ऐश के नाम से भी मशहूर, भारतीय सिनेमा की एक प्रमुख अभिनेत्री हैं। १९९४ में मिस इंडिया प्रतियोगिता की उपविजेता रहने के बाद उसी साल उन्होंने विश्व सुन्दरी प्रतियोगिता जीती थी। ऐश्वर्या राय ने हिन्दी के अलावा तेलगू, तमिल, बंगाली और अंग्रेजी फिल्मो में भी काम किया है। .

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झॉलीवुड

झॉलीवुड झारखंड का सिनेमा है जो मूल रूप से झारी भाषा की फिल्मों का निर्माण करता है।इसके अलावा खोरठा भाषा एवं संथाली में भी फिल्में बनती हैं। .

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डब्बू रत्नाणी

डब्बू रत्नाणी एक प्रमुख भारतीय फैशन फोटोग्राफर है। उन्को बॉलीवुड के सारे सेलिब्रिटी बहुत ही पसंद करते हैं। वह काफी मशहूर सेलिब्रिटीयों के लिए अनेक चित्र ले चुके है। वह एक अव्वल फोटोग्राफर है और उन्होंने फिल्मफेयर, हाय ब्लिट्ज, ठीक भारत, एली, दम, फेमिना, आदमी और बेहतर घरों और गार्डन तरह की सभी प्रमुख पत्रिकाओं के लिए चित्र खींचे है। वह अपनी वार्षिक कैलेंडर के लिए जाने जाते हैं। २००६ में, वह मिस इंडिया प्रतियोगिता के लिए निर्णायक मंडल में थे। २०१५ और २०१६ मैं वह "भारत की नेक्स्ट टॉप मॉडल" टीवी शो मे निर्णायक मंडल मे थे और अभी भी है। .

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तन्वी आज़मी

तन्वी आज़मी भारतीय सिनेमा की एक अभिनेत्री हैं। .

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त्रिआयामी चलचित्र

त्रिआयामी चलचित्र (अंग्रेज़ी:थ्री-डी फिल्म) एक चलचित्र होता है, जिसकी छवियां आम चलचित्रों से कुछ भिन्न बनती हैं। चित्रों की छाया अंकित (रिकॉर्ड) करने के लिए विशेष मोशन पिक्चर कैमरे का प्रयोग किया जाता है।। हिन्दुस्तान लाइव। २० दिसम्बर २००९ त्रि-आयामी चलचित्र १८९० के दौरान भी हुआ करते थे, लेकिन उस समय के इन चलचित्रों को थिएटर पर दिखाया जाना काफी महंगा काम होता था। मुख्यत: १९५० से १९८० के अमेरिकी सिनेमा में ये फिल्में प्रमुखता से दिखने लगी। सैद्धांतिक त्रि-आयामी चलचित्र (थियोरिटिकल थ्री-डी इमेज) प्रस्तुत करने का आरंभिक तरीका एनाजिफ इमेज होता है। इन तरीकों को इसलिये प्रसिद्धि मिली, क्योंकि इनका निर्माण और प्रदर्शन सरल था। इसके अलावा, इकलिप्स मैथड, लेंटीकुलर और बैरियर स्क्रीन, इंटरफेरेंस फिल्टर प्रौद्योगिकी और ध्रुवीकरण प्रणाली (पोलराइजेशन सिस्टम) इसकी प्रचलित तकनीक हुआ करती थी। मोशन पिक्चर का स्टीरियोस्कोपिक युग १८९० के दशक के अंतिम दौर में आरंभ हुआ जब ब्रिटिश फिल्मों के पुरोधा विलियम ग्रीन ने त्रि-आयामी प्रक्रिया का पेटेंट फाइल किया। फ्रेडरिक युजीन आइव्स ने स्टीरियो कैमरा रिग का पेटेंट १९०० में कराया। इस कैमरे में दो लैंस लगाये जाते थे जो एक दूसरे से तीन-चौथाई इंच की दूरी पर होते थे। २७ सितंबर, १९२२ को पहली बार दर्शकों को लॉस एंजिल्स के एंबैसेडर थिएटर होटल में द पावर ऑफ लव का प्रदर्शन आयोजित किया गया था। सन १९५२ में प्रथम रंगीन त्रिविम यानि कलर स्टीरियोस्कोपिक फीचर, वान डेविल बनाई गई। इसके लेखक, निर्माता और निर्देशक एम.एल.गुंजबर्ग थे। स्टीरियोस्कोपिक साउंड में बनी पहली थ्री-डी फीचर हाउस ऑफ वैक्स थी। २८ मई, १९५३ से वॉल्ट डिजनी इंका.

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दुश्मनी (1995 फ़िल्म)

दुश्मनी: एक हिंसक प्रेम कहानी  1995 की भारतीय बॉलीवुड फिल्म है जिसका निर्देशन बंटी सूरमा ने किया है तथा इसमें सनी देओल, जैकी श्रॉफ, मनीषा कोइराला और दीप्ति नवल में प्रमुख अभिनय भूमिका निभाई है। .

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दीया मिर्ज़ा

दीया मिर्ज़ा भारतीय सिनेमा की एक प्रमुख अभिनेत्री हैं। वह मिस एशिया पैसिफिक भी रह चुकी हैं। उनका जन्म ९ दिसम्बर १९८१ को हैदराबाद, आंध्र प्रदेश, भारत में हुआ। उन्होंने २ दिसम्बर सन् २००० को मनीला, फिलीपींस में “मिस इंडीआ एशीआ पैसिफिक” जीता। इसी पुरस्कार समारोह में उन्होंने दो और पुरस्कार भी जीते, “मिस बिऊटीफुल स्माइल” एवं “द सोनी विऊअरज़ चोइस अवार्ड”। .

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नरगिस (अभिनेत्री)

नरगिस दत्त (१ जून १९२८ – ३ मई १९८१), जन्म नाम फ़ातिमा रशिद लेकिन बाद में नाम परिवर्तित कर दिया गया था। इनका जन्म कोलकाता,पश्चिम बंगाल में हुआ था। List of Nominated members, Rajya Sabha Official website.ये एक भारतीय सिनेमा की प्रसिद्ध अभिनेत्री थीं जिन्होंने हिन्दी फ़िल्म अभिनेता सुनील दत्त से शादी की थी। इन्होंने अपने फ़िल्मी सफर की शुरुआत बचपन तलाश-ए-हक़ (१९३५) में ही कर दी थी लेकिन इन्होंने एक्टिंग करनी १९४२ में तमन्ना फ़िल्म से शुरू की थी। १९५७ की मदर इंडिया फ़िल्म के लिए इनको एकेडमी अवॉर्ड के लिए नामांकित किया गया था साथ ही इस फ़िल्म के लिए इन्हें सबसे अच्छी फ़िल्म अभिनेत्री का फिल्मफेयर पुरस्कार भी दिया गया था। इसके बाद इन्हें १९६७ में बनी रात और दिन फ़िल्म के लिए राष्ट्रीय फ़िल्म पुरस्कार से सम्मानित की गई थीं। .

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निडर नाडिया

मेरी एन इवांस उर्फ मेरी इवांस वाडिया उर्फ निडर नाडिया (8 जनवरी 1908 – 9 जनवरी, 1996) भारतीय फिल्मजगत की एक अभिनेत्री और स्टंट नायिका थीं, जिन्हें 1935, tifr.res.in; accessed 22 November 2015.

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नंदमुरी बालकृष्ण

नंदमुरी बालकृष्ण एक भारतीय फिल्म अभिनेता और एक राजनीतिज्ञ है जो मुख्य रूप से तेलुगू सिनेमा में काम करते है। .

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नौशाद

नौशाद अली (1919-2006) हिन्दी फिल्मों के एक प्रसिद्ध संगीतकार थे। पहली फिल्म में संगीत देने के 64 साल बाद तक अपने साज का जादू बिखेरते रहने के बावजूद नौशाद ने केवल 67 फिल्मों में ही संगीत दिया, लेकिन उनका कौशल इस बात की जीती जागती मिसाल है कि गुणवत्ता संख्याबल से कहीं आगे होती है। .

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पथ

पथ का अर्थ होता है रास्ता। .

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पुनीत राजकुमार

पुनीत राजकुमार (कन्नड़:ಪುನೀತ್ ರಾಜ್‍ಕುಮಾರ್) कन्नड़ फिल्मों में अभिनय करने वाले एक भारतीय फिल्म अभिनेता हैं और कन्नड़ सुपरस्टार डॉ॰ राजकुमार के सबसे छोटे बेटे एवं केएफआई के एक प्रमुख स्टार शिवराज कुमार के छोटे भाई हैं। एक बाल कलाकार के रूप में वे 12 फिल्मों में दिखाई दिए हैं। उन्होंने 1986 में फिल्म बेट्टद हूवु के लिए सर्वश्रेष्ठ बाल कलाकार का राष्ट्रीय फ़िल्म पुरस्कार जीता है। 1980 के दशक में एक बाल कलाकार के रूप में फिल्मों में दिखाई देने के बाद पुनीत राजकुमार ने फिल्म अप्पू में एक अग्रणी भूमिका के साथ अपने फ़िल्मी सफ़र की शुरुआत की। यह एक बहुत बड़ी हिट फिल्म रही थी। उन्हें आकाश (2005), अरसु (2007), मिलन (2007) और वंशी (2008) जैसी फिल्मों में अपने अभिनय के लिए जाना जाता है जो अभी तक उनकी सबसे बड़ी व्यावसायिक सफलताएं रही हैं। 2007 में आरसु में अपने अभिनय के लिए उन्होंने एक फिल्म फेयर पुरस्कार प्राप्त किया और 2008 में मिलन में अपने प्रदर्शन के लिए उन्हें कर्नाटक राज्य का सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का पुरस्कार मिला। वर्तमान में वे कन्नड़ फिल्म उद्योग में सबसे अधिक पारिश्रमिक पाने वाले अभिनेता हैं। उनकी व्यावसायिक रूप से सफल फिल्म हिट की दर सबसे अधिक है और उनकी 14 फिल्में लगातार कम से कम 100 दिनों तक सिनेमा घरों में बनी रही हैं। .

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प्रभास

प्रभास राजु उप्पालापाटि (जन्म:२३ अक्टूबर १९७९) अथवा प्रभास एक भारतीय फ़िल्म अभिनेता हैं जो मुख्य रूप से तेलुगु सिनेमा में कार्य करते हैं। ये प्रभास नाम से प्रसिद्ध हैं। हिंदुस्तान टाइम्स फ़िल्म परियोजना के अनुसार बाहुबली (फ़िल्म) भारतीय सिनेमा की इतिहास में सबसे महंगी फ़िल्म है। .

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प्रसून जोशी

प्रसून जोशी (अंग्रेज़ी: Prasoon Joshi, जन्म: 16 सितम्बर 1968) हिन्दी कवि, लेखक, पटकथा लेखक और भारतीय सिनेमा के गीतकार हैं। वे विज्ञापन जगत की गतिविधियों से भी जुड़े हैं और अन्तर्राष्ट्रीय विज्ञापन कंपनी 'मैकऐन इरिक्सन' में कार्यकारी अध्यक्ष हैं। फ़िल्म ‘तारे ज़मीन पर’ के गाने ‘मां...’ के लिए उन्हें 'राष्ट्रीय पुरस्कार' भी मिल चुका है। अब सेंसर बोर्ड के चेयरमैन हैं .

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प्रियंका चोपड़ा फिल्मोग्राफी

दिसंबर २०१६ में ओलिव बार ऐन्ड किचन में प्रियंका चोपड़ा फिल्मफेयर अवार्ड्स २०१३ में चोपड़ा '''प्रियंका चोपड़ा''' एक भारतीय अभिनेत्री है जिन्होंने खुद को भारतीय सिनेमा की अग्रणी अभिनेत्री के रूप में स्थापित किया है। उन्होंने २००३ में बॉलीवुड की पहली फिल्म जासूस थ्रिलर द हीरो  से शुरुआत की। उसी वर्ष चोपड़ा ने बॉक्स ऑफिस के संगीतात्मक हिट अंदाज़ के लिए २००४ में सर्वश्रेष्ठ महिला पदार्पण के लिए फिल्मफेयर पुरस्कार जीती । वह बेहद सफल कॉमेडी फिल्म मुझसे शादी करोगी में अभिनय किया और थ्रिलर ऐतराज़ में अपनी सफलता की भूमिका के लिए आलोचकों की आलोचना की, जिसने उन्हें नकारात्मक भूमिका में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए फिल्मफेयर पुरस्कार और दूसरा सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेत्री के लिए नामांकन प्राप्त किया। चोपड़ा ने २००५ में छह फिल्मों में अभिनय किया, जिसमें वक्त और ब्लफमास्टर!.

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फ़िल्मफ़ेयर पुरस्कार

फिल्मफेयर पुरस्कार समारोह भारतीय सिनेमा के इतिहास की सबसे पुरानी और प्रमुख घटनाओं में से एक रही है। इसकी शुरुआत सबसे पहले 1954 में हुई जब राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार की भी स्थापना हुई थी। पुरस्कार जनता के मत एवं ज्यूरी के सदस्यों के मत दोनों के आधार पर दी हर साल दी जाती है। .

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फ़िल्मफ़ेर

फ़िल्मफ़ेर भारतीय सिनेमा संबंधी एक अंग्रेज़ी पत्रिका है। मीड़िया सेवाओं में कार्यरत भारत के सबसे बड़े समूह 'द टाइम्स ग्रूप', मुंबई (बंबई) इसका प्रकाशन करते हैं, बौलीवुड फ़िल्मों की चटपटी ख़बरें और रोचक तसवीरें इस पत्रिका की विशिष्टता है। यह भारत की सर्वाधिक लोकप्रिय मनोरंजन पत्रिका है और दुनिया भर में बसे भारतीयों द्वारा पढ़ी जाती है। यह पत्रिका 'फ़िल्मफ़ेर अवॉर्ड्स' (Filmfare Awards) और 'फ़िल्मफ़ेर अवॉर्ड्स साउथ' (Filmfare Awards South) का आयोजन और प्रायोजन करती है। .

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फाल्गुनी पाठक

फाल्गुनी पाठक (जन्म 12 मार्च 1964) भारतीय सिनेमा की एक महत्वपूर्ण एकल तथा पार्श्वगायिका है। .

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फिल्‍मी दुनिया

फिल्‍मी दुनिया भारतीय सिनेमा पर केन्द्रित हिन्दी की एक फिल्मी पत्रिका है। .

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फिल्‍मी कलियां

फिल्‍मी कलियां भारतीय सिनेमा पर केन्द्रित हिन्दी की एक फिल्मी पत्रिका है। .

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बाहुबली: द बिगनिंग (2015)

बाहुबली तेलुगू और तमिल भाषाओं में बनी एक भारतीय फ़िल्म है। यह हिन्दी, मलयालम व कुछ विदेशी भाषाओं में भी बनी है तथा इसे 10 जुलाई 2015 को सिनेमाघरों में दिखाया गया। इसे एस॰एस॰ राजामौली ने निर्देशित किया है। प्रभास, राणा डग्गुबती, अनुष्का शेट्टी और तमन्ना ने मुख्य किरदार निभाए हैं। इसमे रम्या कृष्णन, सत्यराज, नासर, आदिवि सेश, तनिकेल्ल भरनी और सुदीप ने भी कार्य किया है। फ़िल्म की कुछ खास बातों में से एक रही इस फिल्म में चित्रित कालकेय कबीले द्वारा बोली जाने वाली किलिकिलि नामक एक कृत्रिम भाषा जिसका निर्माण मधन कर्की ने लगभग 750 शब्दों और 40 व्याकरण के नियमों द्वारा किया। भारतीय फ़िल्म के इतिहास में यह पहली बार हुआ है, जब किसी फ़िल्म के लिए एक नई भाषा का निर्माण किया गया हो। .

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भारत की संस्कृति

कृष्णा के रूप में नृत्य करते है भारत उपमहाद्वीप की क्षेत्रीय सांस्कृतिक सीमाओं और क्षेत्रों की स्थिरता और ऐतिहासिक स्थायित्व को प्रदर्शित करता हुआ मानचित्र भारत की संस्कृति बहुआयामी है जिसमें भारत का महान इतिहास, विलक्षण भूगोल और सिन्धु घाटी की सभ्यता के दौरान बनी और आगे चलकर वैदिक युग में विकसित हुई, बौद्ध धर्म एवं स्वर्ण युग की शुरुआत और उसके अस्तगमन के साथ फली-फूली अपनी खुद की प्राचीन विरासत शामिल हैं। इसके साथ ही पड़ोसी देशों के रिवाज़, परम्पराओं और विचारों का भी इसमें समावेश है। पिछली पाँच सहस्राब्दियों से अधिक समय से भारत के रीति-रिवाज़, भाषाएँ, प्रथाएँ और परंपराएँ इसके एक-दूसरे से परस्पर संबंधों में महान विविधताओं का एक अद्वितीय उदाहरण देती हैं। भारत कई धार्मिक प्रणालियों, जैसे कि हिन्दू धर्म, जैन धर्म, बौद्ध धर्म और सिख धर्म जैसे धर्मों का जनक है। इस मिश्रण से भारत में उत्पन्न हुए विभिन्न धर्म और परम्पराओं ने विश्व के अलग-अलग हिस्सों को भी बहुत प्रभावित किया है। .

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भारतीय चलचित्र अभिनेता सूची

इस पृष्ठ पर भारतीय चलचित्र के अभिनेताओं की सूची दी गई है। .

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भारतीय सिनेमा के सौ वर्ष

3 मई 2013 (शुक्रवार) को भारतीय सिनेमा पूरे सौ साल का हो गया। किसी भी देश में बनने वाली फिल्में वहां के सामाजिक जीवन और रीति-रिवाज का दर्पण होती हैं। भारतीय सिनेमा के सौ वर्षों के इतिहास में हम भारतीय समाज के विभिन्न चरणों का अक्स देख सकते हैं।उल्लेखनीय है कि इसी तिथि को भारत की पहली फीचर फ़िल्म “राजा हरिश्चंद्र” का रुपहले परदे पर पदार्पण हुआ था। इस फ़िल्म के निर्माता भारतीय सिनेमा के जनक दादासाहब फालके थे। एक सौ वर्षों की लम्बी यात्रा में हिन्दी सिनेमा ने न केवल बेशुमार कला प्रतिभाएं दीं बल्कि भारतीय समाज और चरित्र को गढ़ने में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया। .

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मामूट्टी

मामूट्टी (मलयालम: മമ്മൂട്ടി) (जन्म नाम मोहम्मद कुट्टी, जन्म - 7 सितंबर,1948) एक पुरस्कृत भारतीय अभिनेता हैं जो मुख्य रूप से मलयालम सिनेमा में अभिनय करते हैं। अपने पच्चीस वर्षों से भी अधिक के कैरियर के दौरान, उन्होंने शीर्ष अभिनेता के रूप में 300 से अधिक फिल्मों में अभिनय किया है और ^ MusicIndiaOnLine.com. 11 अप्रैल 2007.

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माला सेन

माला सेन (3 जून, 1947 – 21 मई, 2011) एक भारतीय-ब्रिटिश लेखक और मानवाधिकार कार्यकर्ता थी। एक कार्यकर्ता के रूप में, वह 1960 और 1970 के दशक के दौरान ब्रिटिश एशियाई और ब्रिटिश ब्लैक पैंथर्स आंदोलनों के भाग के रूप में, और बाद में भारत में अपनी महिला अधिकार सक्रियता के लिए लंदन में अपने नागरिक अधिकारों के सक्रियवाद और नस्ल संबंधों के कामों के लिए जानी जाती है। एक लेखक के रूप में, वह अपनी किताब इंडिया'ज़ बैंडिट क्वीन: द ट्रू स्टोरी ऑफ फूलन देवी के लिए जानी जाती है, जिस पर 1994 की प्रसिद्ध फ़िल्म बैंडिट क्वीन बनी। ग्रामीण भारत में महिलाओं के उत्पीड़न पर शोध करने के बाद, उन्होंने 2001 में डेथ बाय फायर प्रकाशित भी की। .

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मुनमुन सेन

मुनमुन सेन भारतीय सिनेमा की एक प्रमुख अभिनेत्री हैं। वह सुचित्रा सेन की बेटी हैं। .

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मुम्बई

भारत के पश्चिमी तट पर स्थित मुंंबई (पूर्व नाम बम्बई), भारतीय राज्य महाराष्ट्र की राजधानी है। इसकी अनुमानित जनसंख्या ३ करोड़ २९ लाख है जो देश की पहली सर्वाधिक आबादी वाली नगरी है। इसका गठन लावा निर्मित सात छोटे-छोटे द्वीपों द्वारा हुआ है एवं यह पुल द्वारा प्रमुख भू-खंड के साथ जुड़ा हुआ है। मुम्बई बन्दरगाह भारतवर्ष का सर्वश्रेष्ठ सामुद्रिक बन्दरगाह है। मुम्बई का तट कटा-फटा है जिसके कारण इसका पोताश्रय प्राकृतिक एवं सुरक्षित है। यूरोप, अमेरिका, अफ़्रीका आदि पश्चिमी देशों से जलमार्ग या वायुमार्ग से आनेवाले जहाज यात्री एवं पर्यटक सर्वप्रथम मुम्बई ही आते हैं इसलिए मुम्बई को भारत का प्रवेशद्वार कहा जाता है। मुम्बई भारत का सर्ववृहत्तम वाणिज्यिक केन्द्र है। जिसकी भारत के सकल घरेलू उत्पाद में 5% की भागीदारी है। यह सम्पूर्ण भारत के औद्योगिक उत्पाद का 25%, नौवहन व्यापार का 40%, एवं भारतीय अर्थ व्यवस्था के पूंजी लेनदेन का 70% भागीदार है। मुंबई विश्व के सर्वोच्च दस वाणिज्यिक केन्द्रों में से एक है। भारत के अधिकांश बैंक एवं सौदागरी कार्यालयों के प्रमुख कार्यालय एवं कई महत्वपूर्ण आर्थिक संस्थान जैसे भारतीय रिज़र्व बैंक, बम्बई स्टॉक एक्स्चेंज, नेशनल स्टऑक एक्स्चेंज एवं अनेक भारतीय कम्पनियों के निगमित मुख्यालय तथा बहुराष्ट्रीय कंपनियां मुम्बई में अवस्थित हैं। इसलिए इसे भारत की आर्थिक राजधानी भी कहते हैं। नगर में भारत का हिन्दी चलचित्र एवं दूरदर्शन उद्योग भी है, जो बॉलीवुड नाम से प्रसिद्ध है। मुंबई की व्यवसायिक अपॊर्ट्युनिटी, व उच्च जीवन स्तर पूरे भारतवर्ष भर के लोगों को आकर्षित करती है, जिसके कारण यह नगर विभिन्न समाजों व संस्कृतियों का मिश्रण बन गया है। मुंबई पत्तन भारत के लगभग आधे समुद्री माल की आवाजाही करता है। .

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मुंबई की संस्कृति

बंबई एशियाटिक सोसाइटी शहर की पुरातनतम पुर्तकालयों में से एक है। मुंबई की संस्कृति परंपरागत उत्सवों, खानपान, संगीत, नृत्य और रंगमंच का सम्मिश्रण है। इस शहर में विश्व की अन्य राजधानियों की अपेक्षा बहुभाषी और बहुआयामी जीवनशैली देखने को मिलती है, जिसमें विस्तृत खानपान, मनोरंजन और रात्रि की रौनक भी शामिल है। मुंबई के इतिहास में यह मुख्यतः एक प्रधान व्यापारिक केन्द्र रहा है। इस कारण विभिन्न क्षेत्रों के लोग यहां आते रहे, जिससे बहुत सी संस्कृतियां, धर्म, आदि यहां एक साथ मिलजुलकर रहते हैं। मुंबई भारतीय चलचित्र का जन्मस्थान है।—दादा साहेब फाल्के ने यहां मूक चलचित्र के द्वारा इस उद्योग की स्थापना की थी। इसके बाद ही यहां मराठी चलचित्र का भी श्रीगणेश हुआ था। तब आरंभिक बीसवीं शताब्दी में यहां सबसे पुरानी फिल्म प्रसारित हुयी थी। मुंबई में बड़ी संख्या में सिनेमा हॉल भी हैं, जो हिन्दी, मराठी और अंग्रेज़ी फिल्में दिखाते हैं। विश्व में सबसे बड़ा IMAX डोम रंगमंच भी मुंबई में वडाला में ही स्थित है। मुंबई अंतर्राष्ट्रीय फिल्म उत्सव और फिल्मफेयर पुरस्कार की वितरण कार्यक्रम सभा मुंबाई में ही आयोजित होती हैं। हालांकि मुंबई के ब्रिटिश काल में स्थापित अधिकांश रंगमंच समूह १९५० के बाद भंग हो चुके हैं, फिर भी मुंबई में एक समृद्ध रंगमंच संस्कृति विकसित हुयी हुई है। ये मराठी और अंग्रेज़ी, तीनों भाषाओं के अलावा अन्य क्षेत्रीय भाषाओं में भी विकसित है। गणेश चतुर्थी, मुंबई का सबसे अधिक हर्षोल्लास से मनाया जाने वाला उत्सव यहां कला-प्रेमियों की कमी भी नहीं है। अनेक निजी व्यावसायिक एवं सरकारी कला-दीर्घाएं खुली हुई हैं। इनमें जहांगीर कला दीर्घा और राष्ट्रीय आधुनिक कला दीर्घा प्रमुख हैं। १८३३ में बनी बंबई एशियाटिक सोसाइटी में शहर का पुरातनतम पुस्तकालय स्थित है। छत्रपति शिवाजी महाराज वास्तु संग्रहालय (पूर्व प्रिंस ऑफ वेल्स म्यूज़ियम) दक्षिण मुंबई का प्रसिद्ध संग्रहालय है, जहां भारतीय इतिहास के अनेक संग्रह सुरक्षित हैं। मुंबई के चिड़ियाघर का नाम जीजामाता उद्यान है (पूर्व नाम: विक्टोरिया गार्डन्स), जिसमें एक हरा भरा उद्यान भी है। नगर की साहित्य में संपन्नता को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर ख्याति तब मिली जब सल्मान रश्दी और अरविंद अडिग को बुकर सम्मान मिले थे। यही के निवासी रुडयार्ड किपलिंग को १९०७ में नोबल पुरस्कार भी मिला था। मराठी साहित्य भी समय की गति क साथ साथ आधुनिक हो चुका है। यह मुंबई के लेखकों जैसे मोहन आप्टे, अनंत काणेकर और बाल गंगाधर तिलक के कार्यों में सदा दृष्टिगोचर रहा है। इसको वार्षिक साहित्य अकादमी पुरस्कार से और प्रोत्साहन मिला है। एलीफेंटा की गुफाएं विश्व धरोहर स्थ घोषित हैं। मुंबई शहर की इमारतों में झलक्ता स्थापत्य गोथिक, इंडो रेनेनिक, आर्ट डेको और अन्य समकालीन स्थापत्य शैलियों का संगम है। ब्रिटिश काल की अधिकांश इमारतें, जैसे विक्टोरिया टर्मिनस और बंबई विश्वविद्यालय, गोथिक शैली में निर्मित हैं। इनके वास्तु घटकों में यूरोपीय प्रभाव साफ दिखाई देता है, जैसे जर्मन गेबल, डच शैली की छतें, स्विस शैली में काष्ठ कला, रोमन मेहराब साथ ही परंपरागत भारतीय घटक भी दिखते हैं। कुछ इंडो सेरेनिक शैली की इमारतें भी हैं, जैसे गेटवे ऑफ इंडिया। आर्ट डेको शैली के निर्माण मैरीन ड्राइव और ओवल मैदान के किनारे दिखाई देते हैं। मुंबई में मायामी के बाद विश्व में सबसे अधिक आर्ट डेको शैली की इमारतें मिलती हैं। नये उपनगरीय क्षेत्रों में आधुनिक इमारतें अधिक दिखती हैं। मुंबई में अब तक भारत में सबसे अधिक गगनचुम्बी इमारतें हैं। इनमें ९५६ बनी हुई हैं और २७२ निर्माणाधीन हैं। (२००९ के अनुसार) १९९५ में स्थापित, मुंबई धरोहर संरक्षण समिति (एम.एच.सी.सी) शहर में स्थित धरोहर स्थलों के संरक्षण का ध्यान रखती है। मुंबई में दो यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल हैं – छत्रपति शिवाजी टर्मिनस और एलीफेंटा की गुफाएं शहर के प्रसिद्ध पर्यटन स्थलों में नरीमन पाइंट, गिरगौम चौपाटी, जूहू बीच और मैरीन ड्राइव आते हैं। एसेल वर्ल्ड यहां का थीम पार्क है, जो गोरई बीच के निकट स्थित है। यहीं एशिया का सबसे बड़ा थीम वाटर पार्क, वॉटर किंगडम भी है। मुंबई के निवासी भारतीय त्यौहार मनाने के साथ-साथ अन्य त्यौहार भी मनाते हैं। दिवाली, होली, ईद, क्रिसमस, नवरात्रि, दशहरा, दुर्गा पूजा, महाशिवरात्रि, मुहर्रम आदि प्रमुख त्यौहार हैं। इनके अलावा गणेश चतुर्थी और जन्माष्टमी कुछ अधिक धूम-धाम के संग मनाये जाते हैं। गणेश-उत्सव में शहर में जगह जगह बहुत विशाल एवं भव्य पंडाल लगाये जाते हैं, जिनमें भगवान गणपति की विशाल मूर्तियों की स्थापना की जाती है। ये मूर्तियां दस दिन बाद अनंत चौदस के दिन सागर में विसर्जित कर दी जाती हैं। जन्माष्टमी के दिन सभी मुहल्लों में समितियों द्वारा बहुत ऊंचा माखान का मटका बांधा जाता है। इसे मुहल्ले के बच्चे और लड़के मुलकर जुगत लगाकर फोड़ते हैं। काला घोड़ा कला उत्सव कला की एक प्रदर्शनी होती है, जिसमें विभिन्न कला-क्षेत्रों जैसे संगीत, नृत्य, रंगमंच और चलचित्र आदि के क्षेत्र से कार्यों का प्रदर्शन होता है। सप्ताह भर लंबा बांद्रा उत्सव स्थानीय लोगों द्वारा मनाया जाता है। बाणागंगा उत्सव दो-दिवसीय वार्षिक संगीत उत्सव होता है, जो जनवरी माह में आयोजित होता है। ये उत्सव महाराष्ट्र पर्यटन विकास निगम (एम.टी.डी.सी) द्वारा ऐतिहाशिक बाणगंगा सरोवर के निकट आयोजित किया जाटा है। एलीफेंटा उत्सव—प्रत्येक फरवरी माह में एलीफेंटा द्वीप पर आयोजित किया जाता है। यह भारतीय शास्त्रीय संगीत एवं शास्त्रीय नृत्य का कार्यक्रम ढेरों भारतीय और विदेशी पर्यटक आकर्षित करता है। शहर और प्रदेश का खास सार्वजनिक अवकाश १ मई को महाराष्ट्र दिवस के रूप में महाराष्ट्र राज्य के गठन की १ मई, १९६० की वर्षागांठ मनाने के लिए होता है। मुंबई के भगिनि शहर समझौते निम्न शहरों से हैं.

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मृदु शक्ति

जोसेफ निये द्वारा लिखित पुस्तक: सॉफ्ट पॉवर अंतरराष्ट्रीय संबन्धों के सन्दर्भ में, सहयोग तथा किसी प्रकार के आकर्षण के द्वारा वांछित परिणाम प्राप्त करने की क्षमता सौम्य शक्ति या मृदु शक्ति (Soft power) कहलाती है। इसके विपरीत 'कठोर शक्ति' (hard power) उस क्षमता को कहते हैं जो बल (सैन्य बल) द्वारा या धन देकर इच्छित परिणाम प्राप्त करती है। मृदु शक्ति की अवधारणा हारवर्ड विश्वविद्यालय के जोसेफ निये (Joseph Nye) द्वारा विकसित की गयी। उन्होने 'सॉफ्ट पॉवर' शब्द का प्रयोग सबसे पहले १९९० में लिखित अपनी पुस्तक 'बाउण्ड टू लीड: द चेंजिंग नेचर ऑफ अमेरिकन पॉवर' में किया। उन्होने इसको 'सॉफ्ट पॉवर: द मीन्स तू सक्सेस इन वर्ल्द पॉलिटिक्स' नामक अपनी अगली पुस्तक में और विकसित किया। आजकल इस शब्द का प्रयोग अन्तरराष्ट्रीय सम्बन्धों के सन्दर्भ में बहुत अधिक प्रयुक्त होता है। सन २०१३ के मोनोकिल सॉफ्ट पॉवर सर्वे के अनुसार जर्मनी सर्वाधिक सौम्य शक्ति (सॉफ्ट पॉवर) वाला देश है। .

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मोहनलाल (अभिनेता)

मोहनलाल विश्वनाथन नायर (जन्म 21 मई 1960), एक नाम मोहनलाल या लाल के नाम से जाने जाने वाले, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ख्यातिलब्ध भारतीय फिल्म अभिनेता और निर्माता हैं, जो मलयालम सिनेमा का सब सबसे बड़ा नाम है।മോഹന്‍ലാല്‍ चार बार राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता रहे मोहनलाल ने दो सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का पुरस्कार, एक विशेष जूरी पुरस्कार और एक सर्वश्रेष्ठ फिल्म पुरस्कार (निर्माता के रूप में) जीता। 2001 में भारत सरकार ने उन्हें भारतीय सिनेमा के प्रति योगदान के लिए पद्मश्री से सम्मानित किया। सन 2009 में भारतीय प्रादेशिक सेना द्वारा उन्हें मानद लेफ्टिनेंट कर्नल का पद दिया गया,Lt.Col.

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राम नारायण

thumbnail राम नारायण (२५ दिसम्बर १९२७) भारतीय संगीतज्ञ हैं। उन्हें सामान्यतः पण्डित राम नारायण भी पुकारा जाता है। ये महाराष्ट्र से हैं। उन्हें हिन्दुस्तानी शास्त्रीय संगीत एकल संगीत सारंगी वादन ने लोकप्रिय बनाया और प्रथम अन्तरराष्ट्रीय सारंगीवादक बने। नारायण का जन्म उदयपुर के पास हुआ और छोटी आयु में सारंगीवादन की शिक्षा प्राप्त की। उन्होंने विभिन्न सारंगी वादन के शिक्षकों और गायकों से शिक्षा प्राप्त की और किशोरावस्था में संगीत शिक्षक और यात्रा संगीतकार के रूप में कार्य किया। आकाशवाणी, लाहौर ने नारायण को १९४४ में गायकों के संगतकार के रूप में रखा। वो १९४७ में भारत के विभाजन के समय दिल्ली आ गये लेकिन संगतकार की भूमिका से आगे बढ़ने के स्थान पर सहायक भूमिका में निराश होकर, नारायण १९४९ में भारतीय सिनेमा के लिए काम करने मुम्बई विस्थापित हो गये। १९५४ में एक असफल प्रयास के बाद नारायण १९५६ में सहवादन एकल कलाकार बने और तत्पश्चात संगत को त्याग दिया। उन्होंने एकल एलबम अभिलिखित किया और १९६० में अमेरिका और यूरोप की यात्रा आरम्भ कर दी। नारायण ने भारतीय और विदेशी छात्रों को शिक्षा दी और २००० के दशक में भारत के बाहर भी प्रस्तुतियाँ दी। उन्हें २००५ में भारत के द्वितीय सर्वोच्य नागरीक सम्मान पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया। .

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रामानंद सेनगुप्ता

रामानंद सेनगुप्ता (8 मई 1916 – 23 अगस्त 2017), भारतीय सिनेमा के चलचित्रकार थे। उन्हें अपना पहला ब्रेक मिला जब उन्होंने कोलकाता में फिल्म कॉर्पोरेशन (तब कलकत्ता) में एक सहायक कैमरामैन के रूप में कार्य किया। एक पूर्णकालिक चलचित्रकार के रूप में उनकी पहली फिल्म ‘पूर्वाराग’ थी, जिसका निर्देशन वर्ष 1946 में अरेंदु मुखर्जी ने किया था। उन्होंने जीन रेनोइर, रित्विक घटक एवं मृणाल सेन जैसे महान एवं श्रेष्ठ लोगों के साथ काम किये थे। उन्होंने 70 से अधिक फिल्मों में काम किया। .

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रिया सेन

रिया सेन (রিয়া সেন, pron.) (जन्म: रिया देव वर्मा, २४ जनवरी १९८१) एक भारतीय अभिनेत्री और मॉडल हैं। उनकी नानी सुचित्रा सेन, माँ मुनमुन सेन और बहन राइमा सेन भी अभिनेत्रियाँ रही हैं, इस तरह रिया मूलतः अभिनेताओं के परिवार में से है। उन्होंने अपना अभिनय करियर सन् १९९१ में फ़िल्म विषकन्या में एक बाल कलाकार के रूप में शुरू किया। उनको अपने फिल्म कैरियर की पहली व्यवसायिक सफलता सन् २००१ में एन. चंद्रा द्वारा दिग्दर्शित कम बजट वाली सेक्स कॉमेडी हिन्दी फ़िल्म स्टाइल में मिली। उनकी कुछ अन्य फ़िल्मों में निर्माता प्रीतिश नंदी की संगीतमय हिंगलिश (Hinglish) फ़िल्म झंकार बीट्स (2001), शादी नं. 1 (2005) और मलयालम में हॉरर फ़िल्म अनंथाभाद्रम (2005) शामिल है। सोलह साल की उम्र में जब रियाने फाल्गुनी पाठक के संगीत विडियो याद पिया की आने लगी में काम किया, तब पहली बार उनको एक मॉडल के रूप में पहचाना गया। तब से वह संगीत वीडियो, टेलिविजन विज्ञापनों, फैशन शो में और पत्रिका के आवरण पर दिखाई देने लगी। रिया ने एक सामाजिक कार्यकर्ता के रूप में भी काम किया है और ऐड्स (AIDS) के प्रति जागरुकता फैलाने वाले एक संगीत विडियो में आयी, जिसका लक्ष्य लोगों के बीच इस बीमारी के बारे में बडे पैमाने में फैली गलतफ़हमियां को दूर करने का था। उन्होंने बाल नेत्र-चिकित्सा के लिया धन जुटाने में भी मदद की। अब तक रिया को अभिनेता अश्मित पटेल के साथ एम्एम्एस (MMS) क्लिप, फोटोग्राफर दब्बू रत्नानी के वार्षिक कैलेंडर में उनके अर्धनग्न चित्र और रूढ़िवादी भारतीय फ़िल्म उद्योग में बड़े परदे पर चुम्बन देनें को ले कर विवादों का सामना करना पड़ा हैं। .

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रोहिणी हट्टंगड़ी

रोहिणी हट्टंगड़ी भारतीय सिनेमा की एक प्रमुख अभिनेत्री हैं। .

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लता मंगेशकर

लता मंगेशकर (जन्म 28 सितंबर, 1929 इंदौर) भारत की सबसे लोकप्रिय और आदरणीय गायिका हैं, जिनका छ: दशकों का कार्यकाल उपलब्धियों से भरा पड़ा है। हालाँकि लता जी ने लगभग तीस से ज्यादा भाषाओं में फ़िल्मी और गैर-फ़िल्मी गाने गाये हैं लेकिन उनकी पहचान भारतीय सिनेमा में एक पार्श्वगायक के रूप में रही है। अपनी बहन आशा भोंसले के साथ लता जी का फ़िल्मी गायन में सबसे बड़ा योगदान रहा है। लता की जादुई आवाज़ के भारतीय उपमहाद्वीप के साथ-साथ पूरी दुनिया में दीवाने हैं। टाईम पत्रिका ने उन्हें भारतीय पार्श्वगायन की अपरिहार्य और एकछत्र साम्राज्ञी स्वीकार किया है। .

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शमिता शेट्टी

शमिता शेट्टी (जन्म:2 फ़रवरी 1979) भारतीय सिनेमा की अभिनेत्री, मॉडल और इंटीरियर डिजाइनर हैं। वो बॉलीवुड की अभिनेत्री शिल्पा शेट्टी की छोटी बहन है। .

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शहाणा गोस्वामी

शहाणा गोस्वामी एक भारतीय फ़िल्म अभिनेत्री हैं। .

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श्रिया सरन

श्रिया सरन (जन्म 11 सितंबर 1982) एक भारतीय फ़िल्म अभिनेत्री हैं। उन्होंने अपने कैरियर की शुरूआत संगीत वीडियो में अभिनय द्वारा की, साथ ही कलाकार बनने का अपना सपना पूरा करने के लिए, वे एक अभिनय स्टूडियो में भाग लेती रहीं। 2001 में इष्टम के साथ श्रीगणेश करते हुए, 2002 में अपनी पहली ज़बरदस्त हिट फ़िल्म संतोषम में भानु की भूमिका के ज़रिए उन्होंने तेलुगू सिनेमा का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया। इस फ़िल्म के बाद वे कई तेलुगू फ़िल्मों में प्रमुख कलाकारों के साथ नज़र आईं, जबकि, साथ ही बॉलीवुड और तमिल फ़िल्म उद्योग में भी प्रवेश किया। 2007 में, शिवाजी: द बॉस में रजनीकांत के साथ अभिनय करने के बाद श्रिया सरन एक राष्ट्रीय हस्ती बन गईं, जिसके पश्चात उन्होंने कई बॉलीवुड, कॉलीवुड और हॉलीवुड फ़िल्म भी साईन कीं.

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श्वेता तिवारी

श्वेता तिवारी (जन्म: 4 अक्टूबर 1980) एक भारतीय फ़िल्म और टेलिविजन अभिनेत्री हैं, इन्होने अपने अभिनय की शुरुआत "कसौटी जिंदगी की" नामक धारावाहिक से की थी, जिन्हें टेलिविजन की दुनिया में प्रेरणा के नाम से भी जाना जाता है। श्वेता तिवारी मशहूर धारावाहिक बिग बॉस के चौथे संस्करण की विजेता रह चुकीं हैं। .

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सत्यजित राय

सत्यजित राय (बंगाली: शॉत्तोजित् राय्) (२ मई १९२१–२३ अप्रैल १९९२) एक भारतीय फ़िल्म निर्देशक थे, जिन्हें २०वीं शताब्दी के सर्वोत्तम फ़िल्म निर्देशकों में गिना जाता है। इनका जन्म कला और साहित्य के जगत में जाने-माने कोलकाता (तब कलकत्ता) के एक बंगाली परिवार में हुआ था। इनकी शिक्षा प्रेसिडेंसी कॉलेज और विश्व-भारती विश्वविद्यालय में हुई। इन्होने अपने कैरियर की शुरुआत पेशेवर चित्रकार की तरह की। फ़्रांसिसी फ़िल्म निर्देशक ज़ाँ रन्वार से मिलने पर और लंदन में इतालवी फ़िल्म लाद्री दी बिसिक्लेत (Ladri di biciclette, बाइसिकल चोर) देखने के बाद फ़िल्म निर्देशन की ओर इनका रुझान हुआ। राय ने अपने जीवन में ३७ फ़िल्मों का निर्देशन किया, जिनमें फ़ीचर फ़िल्में, वृत्त चित्र और लघु फ़िल्में शामिल हैं। इनकी पहली फ़िल्म पथेर पांचाली (পথের পাঁচালী, पथ का गीत) को कान फ़िल्मोत्सव में मिले “सर्वोत्तम मानवीय प्रलेख” पुरस्कार को मिलाकर कुल ग्यारह अन्तरराष्ट्रीय पुरस्कार मिले। यह फ़िल्म अपराजितो (অপরাজিত) और अपुर संसार (অপুর সংসার, अपु का संसार) के साथ इनकी प्रसिद्ध अपु त्रयी में शामिल है। राय फ़िल्म निर्माण से सम्बन्धित कई काम ख़ुद ही करते थे — पटकथा लिखना, अभिनेता ढूंढना, पार्श्व संगीत लिखना, चलचित्रण, कला निर्देशन, संपादन और प्रचार सामग्री की रचना करना। फ़िल्में बनाने के अतिरिक्त वे कहानीकार, प्रकाशक, चित्रकार और फ़िल्म आलोचक भी थे। राय को जीवन में कई पुरस्कार मिले जिनमें अकादमी मानद पुरस्कार और भारत रत्न शामिल हैं। .

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सबसे महंगी भारतीय फिल्मों की सूची

यह सबसे महंगी भारतीय फिल्मों की सूची है, जिसमें भारतीय रुपए में बजट दिए गए हैं। .

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साधना सरगम

साधना सरगम साधना सरगम (जन्म: 7 जुलाई 1962, असली नाम: साधना पुरुषोत्तम घाणेकर) भारतीय सिनेमा में काम करने वाली महिला पार्श्वगायिका हैं। साधना चार साल की आयु से गाने गा रही है। विश्वात्मा के "सात समुंदर पार" गाने से उन्हें ख्याति मिली। उनका जन्म महाराष्ट्र के दाभोल में संगीतकारों के परिवार में हुआ। "पहला नशा पहला खुमार", "दर्द करारा", "साईं राम साईं श्याम साईं भगवान", "बिन साजन झूला झूलूं", "धीरे धीरे आप मेरे", "चंदा रे चंदा रे", "हमको मालूम है", "माही वे", "क्या मौसम आया है", "सलाम-ए-इश्क", "अंगना में बाबा", "मेरी नींद मेरा चैन", "तेरा नाम लेने की", "तुझसे क्या चोरी है", "आइये आपका इंतजार था", "सुनो मियां सुनो", "ऐतबार नहीं करना" उनके मशहूर हिन्दी गीत है। उन्होंने लगभग हर भारतीय भाषा में गाने गाए हैं। .

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सारा लॉरेन

सारा लॉरेन Sara Loren (Urdu: ساره لورين‎; सारा लॉरेन का जन्म 11 दिसंबर 1985 को में कुवैत में हुआ था। सारा का असली नाम मोना लीजा हुसैन है। पिता की मौत के बाद सारा का पूरा परिवार पाकिस्तान आ गया। यहाँ आकर उन्होंने मॉडलिंग शुरू कर दी। सारा को मॉडलिंग के अलावा लिखने का और पेंटिंग का बहुत शौक है। .

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सिमोन सिंह

फिल्म एवं टेलीविजन अभिनेत्री सिमोन सिंह, (जन्म 10 नवंबर, जमशेदपुर) के एक सिख पिता एवं बंगाली माता के परिवार में। सिमोन ने अपने कैरियर की शुरुआत टेलीविजन सीरियल स्वाभिमान, से सन 1995 में की। इसके बाद इन्होंने एक अन्य मशहूर सीरियल हिना, में मुख्य किरदार निभाया। इसके तुरंत बाद इन्होंने भारतीय सिनेमा की दुनिया में एक रिश्ता: द बॉन्ड ऑफ लव से 2001 में कदम रखा। सिमोन ने और कई फिल्मों में छोटी-छोटी भूमिकाएँ निभाई हैं और इनके अभिनय की तारीफ बोमन ईरानी सैफ अली खान एवं डिंपल कपाड़िया के साथ की गयी फिल्म बीईंग सायरस में खूब की गयी। .

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संजीव कुमार

संजीव कुमार (मूल नाम: हरीभाई जरीवाला; जन्म: 9 जुलाई 1938, मृत्यु: 6 नवम्बर 1985) हिन्दी फ़िल्मों के एक प्रसिद्ध अभिनेता थे। उनका पूरा नाम हरीभाई जरीवाला था। वे मूल रूप से गुजराती थे। इस महान कलाकार का नाम फ़िल्मजगत की आकाशगंगा में एक ऐसे धुव्रतारे की तरह याद किया जाता है जिनके बेमिसाल अभिनय से सुसज्जित फ़िल्मों की रोशनी से बॉलीवुड हमेशा जगमगाता रहेगा। उन्होंने नया दिन नयी रात फ़िल्म में नौ रोल किये थे। कोशिश फ़िल्म में उन्होंने गूँगे बहरे व्यक्ति का शानदार अभिनय किया था। शोले फ़िल्म में ठाकुर का चरित्र उनके अभिनय से अमर हो गया। उन्हें श्रेष्ठ अभिनेता के लिए राष्ट्रीय फ़िल्म पुरस्कार के अलावा फ़िल्मफ़ेयर क सर्वश्रेष्ठ अभिनेता व सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेता पुरस्कार दिया गया। वे आजीवन कुँवारे रहे और मात्र 47 वर्ष की आयु में सन् 1984 में हृदय गति रुक जाने से बम्बई में उनकी मृत्यु हो गयी। 1960 से 1984 तक पूरे पच्चीस साल तक वे लगातार फ़िल्मों में सक्रिय रहे। उन्हें उनके शिष्ट व्यवहार व विशिष्ट अभिनय शैली के लिये फ़िल्मजगत में हमेशा याद किया जायेगा। .

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स्कारलेट विल्सन

स्कारलेट मेलिश विल्सन भारतीय सिनेमा में काम करने वाली एक ब्रिटिश मॉडल और नर्तकी है। .

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हिन्दी सिनेमा

हिन्दी सिनेमा, जिसे बॉलीवुड के नाम से भी जाना जाता है, हिन्दी भाषा में फ़िल्म बनाने का उद्योग है। बॉलीवुड नाम अंग्रेज़ी सिनेमा उद्योग हॉलिवुड के तर्ज़ पर रखा गया है। हिन्दी फ़िल्म उद्योग मुख्यतः मुम्बई शहर में बसा है। ये फ़िल्में हिन्दुस्तान, पाकिस्तान और दुनिया के कई देशों के लोगों के दिलों की धड़कन हैं। हर फ़िल्म में कई संगीतमय गाने होते हैं। इन फ़िल्मों में हिन्दी की "हिन्दुस्तानी" शैली का चलन है। हिन्दी और उर्दू (खड़ीबोली) के साथ साथ अवधी, बम्बईया हिन्दी, भोजपुरी, राजस्थानी जैसी बोलियाँ भी संवाद और गानों में उपयुक्त होते हैं। प्यार, देशभक्ति, परिवार, अपराध, भय, इत्यादि मुख्य विषय होते हैं। ज़्यादातर गाने उर्दू शायरी पर आधारित होते हैं।भारत में सबसे बड़ी फिल्म निर्माताओं में से एक, शुद्ध बॉक्स ऑफिस राजस्व का 43% का प्रतिनिधित्व करता है, जबकि तमिल और तेलुगू सिनेमा 36% का प्रतिनिधित्व करते हैं,क्षेत्रीय सिनेमा के बाकी 2014 के रूप में 21% का गठन है। बॉलीवुड भी दुनिया में फिल्म निर्माण के सबसे बड़े केंद्रों में से एक है। बॉलीवुड कार्यरत लोगों की संख्या और निर्मित फिल्मों की संख्या के मामले में दुनिया में सबसे बड़ी फिल्म उद्योगों में से एक है।Matusitz, जे, और पायानो, पी के अनुसार, वर्ष 2011 में 3.5 अरब से अधिक टिकट ग्लोब जो तुलना में हॉलीवुड 900,000 से अधिक टिकट है भर में बेच दिया गया था। बॉलीवुड 1969 में भारतीय सिनेमा में निर्मित फिल्मों की कुल के बाहर 2014 में 252 फिल्मों का निर्माण। .

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हेमलता

हेमलता भारतीय सिनेमा की एक महत्वपूर्ण पार्श्वगायिका है। .

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हीरो (2006 फ़िल्म)

हीरो भारतीय बंगाली फिल्म है, जिसका निर्देशन स्वपन साहा ने किया है। इस फिल्म के संगीत का निर्माण जीत गांगुली ने किया है। इसमें मुख्य किरदार में जीत, तपस पाल, कोयल मलिक, कल्याणी मोंदल आदि हैं। यह फिल्म वर्ष 2006 में सिनेमाघरों में प्रदर्शित हुई। .

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जमशेदपुर

जमशेदपुर जिसका दूसरा नाम टाटानगर भी है, भारत के झारखंड राज्य का एक शहर है। यह झारखंड के दक्षिणी हिस्से में स्थित पूर्वी सिंहभूम जिले का हिस्सा है। जमशेदपुर की स्थापना को पारसी व्यवसायी जमशेदजी नौशरवान जी टाटा के नाम से जोड़ा जाता है। १९०७ में टाटा आयरन ऐंड स्टील कंपनी (टिस्को) की स्थापना से इस शहर की बुनियाद पड़ी। इससे पहले यह साकची नामक एक आदिवासी गाँव हुआ करता था। यहाँ की मिट्टी काली होने के कारण यहाँ पहला रेलवे-स्टेशन कालीमाटी के नाम से बना जिसे बाद में बदलकर टाटानगर कर दिया गया। खनिज पदार्थों की प्रचुर मात्रा में उपलब्धता और खड़कई तथा सुवर्णरेखा नदी के आसानी से उपलब्ध पानी, तथा कोलकाता से नजदीकी के कारण यहाँ आज के आधुनिक शहर का पहला बीज बोया गया। जमशेदपुर आज भारत के सबसे प्रगतिशील औद्योगिक नगरों में से एक है। टाटा घराने की कई कंपनियों के उत्पादन इकाई जैसे टिस्को, टाटा मोटर्स, टिस्कॉन, टिन्पलेट, टिमकन, ट्यूब डिवीजन, इत्यादि यहाँ कार्यरत है। .

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जय हो (फ़िल्म)

जय हो 2014 में प्रदर्शित भारत की हिन्दी एक्शन नाटक फ़िल्म है जिसके निर्देशक सुहेल ख़ान एवं निर्माता सुनील लुल्ला के साथ सुहेल ख़ान हैं। इसमें सलमान ख़ान और नवोदित कलाकार डैज़ी शाह के साथ साना खान और सुनील शेट्टी ने प्रमुख अभिनय किया है। फ़िल्म में तबु ने सलमान की बहन का अभिनय किया है जबकि डैनी डेन्जोंगपा ने मुख्य खलनायक की भूमिका में अभिनय किया है। फ़िल्म 2006 की तेलुगू फ़िल्म स्टालिन की पुनर्कृत्ति है। फ़िल्म 24 जनवरी 2014 को जारी की गई। .

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ज़िन्दगी तेरे नाम

ज़िन्दगी तेरे नाम 2012 की आशु त्रिखा द्वारा निर्देशित हिन्दी-भाषा की भारतीय कथा फ़िल्म है। इसमें मुख्य अभिनय मिथुन चक्रवर्ती और रंजीता कौर ने किया है और फ़िल्म एक परिपक्व प्रेम कहानी पर आधारित है। फ़िल्म 2008 में पूर्ण हो चुकी थी लेकिन इसे कुछ सीमित प्रतियों के साथ 2012 में जारी किया गया। फ़िल्म निकोलस स्पार्क्स के उपन्यास द नोटबुक और इसी नाम से बनी 2004 की फ़िल्म पर आधारित है। .

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जोधपुर

जोधपुर भारत के राज्य राजस्थान का दूसरा सबसे बड़ा नगर है। इसकी जनसंख्या १० लाख के पार हो जाने के बाद इसे राजस्थान का दूसरा "महानगर " घोषित कर दिया गया था। यह यहां के ऐतिहासिक रजवाड़े मारवाड़ की इसी नाम की राजधानी भी हुआ करता था। जोधपुर थार के रेगिस्तान के बीच अपने ढेरों शानदार महलों, दुर्गों और मन्दिरों वाला प्रसिद्ध पर्यटन स्थल भी है। वर्ष पर्यन्त चमकते सूर्य वाले मौसम के कारण इसे "सूर्य नगरी" भी कहा जाता है। यहां स्थित मेहरानगढ़ दुर्ग को घेरे हुए हजारों नीले मकानों के कारण इसे "नीली नगरी" के नाम से भी जाना जाता था। यहां के पुराने शहर का अधिकांश भाग इस दुर्ग को घेरे हुए बसा है, जिसकी प्रहरी दीवार में कई द्वार बने हुए हैं, हालांकि पिछले कुछ दशकों में इस दीवार के बाहर भी नगर का वृहत प्रसार हुआ है। जोधपुर की भौगोलिक स्थिति राजस्थान के भौगोलिक केन्द्र के निकट ही है, जिसके कारण ये नगर पर्यटकों के लिये राज्य भर में भ्रमण के लिये उपयुक्त आधार केन्द्र का कार्य करता है। वर्ष २०१४ के विश्व के अति विशेष आवास स्थानों (मोस्ट एक्स्ट्रा ऑर्डिनरी प्लेसेज़ ऑफ़ द वर्ल्ड) की सूची में प्रथम स्थान पाया था। एक तमिल फ़िल्म, आई, जो कि अब तक की भारतीय सिनेमा की सबसे महंगी फ़िल्मशोगी, की शूटिंग भी यहां हुई थी। .

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विल्लुपुरम चिन्नैया गणेशन

शिवाजी गणेशन (சிவாஜி கணேசன்) (जन्म:विल्लुपुरम चिन्नैया पिल्लई गणेशन, १ अक्टूबर, १९२८ - २१ जुलाई, २००१)) एक भारतीय फिल्म अभिनेता थे। ये बीसवीं शताब्दी के परार्ध में सक्रिय रहे। इनको भारत सरकार द्वारा सन १९८४ में कला के क्षेत्र में पद्म भूषण से सम्मानित किया गया था। ये तमिलनाडु राज्य से हैं। .

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विजय (अभिनेता)

जोसेफ़ विजय चंद्रशेखर (जन्म 22 जून 1974), जो विजय के नाम से अधिक प्रसिद्ध हैं, एक भारतीय फ़िल्म अभिनेता हैं, जो भारतीय सिनेमा में एक कलाकार रहे हैं, साथ ही वह एक पार्श्व गायक और भारत में कई कंपनियों के लिए एक प्रवक्ता भी रहे हैं| विजय ने सन् 1990 के दशक में अपने पिता के निर्देशन में बने कई उपक्रमों में काम करते हुए अपने कैरियर की शुरुआत की| नालया थीरपू (1992) फ़िल्म से उन्होंने अपने फ़िल्म कैरियर की शुरुआत की.

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वंस अपॉन अ टाइम इन मुंबई-दोबारा

वंस अपॉन अ टाइम इन मुंबई-दोबारा (संक्षिप्त रूप में OUATIMD) 2013 की भारतीय क्राइम गैंगस्टर फ़िल्म है जिसका निर्देशन मिलन लूथरिया ने किया है। इस फ़िल्म की निर्माता एकता कपूर और शोभा कपूर हैं। यह 2010 में प्रदर्शित फ़िल्म वंस अपॉन ए टाईम इन मुम्बई की उत्तरकृत्ति है। फ़िल्म में मुख्य भूमिका में अक्षय कुमार, सोनाक्षी सिन्हा और इमरान ख़ान हैं एवं सोनाली बेंद्रे सहायक कलाकार की भूमिका में हैं। .

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वीना मलिक

वीना मलिक (وینا ملک) (प्रदत्त नाम: ज़ाहिदा मलिक) एक पाकिस्तानी अभिनेत्री और मॉडल जो लॉलीवुड और बॉलीवुड की फ़िल्मों में काम कर चुकी हैं। .

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गीतिकाव्य

गीतिकाव्य वो शब्द होते हैं जो गीत या काव्य रचना को बनाते हैं। गीतिकाव्य लिखने वाले गीतकार होते हैं। विशेषकर संगीत के साथ निर्मित किये गए गीत के शब्दों को बोल भी कहते हैं। ऐसा भारतीय परिप्रेक्ष्य में सिनेमा में बहुत आम है। इसमें बनाई गई फ़िल्मों में अक्सर सामान्यतः 3-4 गीत ("गाना" भी कहा जाता) होते हैं जिन्हें संगीत में ढालकर निर्मित किया जाता हैं। इसके लिये विशेष तौर पर गीतकारों की सेवा ली जाती है और उन्हें बड़े सम्मान के साथ देखा जाता है। .

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आदि शंकराचार्य (फ़िल्म )

आदि शंकराचार्य संस्कृत भाषा में एक भारतीय सिनेमा है जो जी.वी.

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इलियाना डी'क्रूज़

इलियाना डी 'क्रूज़ (जन्म 01 नवम्बर 1987) एक भारतीय फिल्म अभिनेत्री हैं, जो मुख्य रूप से तेलुगु भाषा की फिल्मों में अभिनय करती हैं। उन्होंने अपना कैरियर एक मॉडल के रूप में शुरू किया और 2006 में वाय.वी.एस चौधरी की तेलुगू फिल्म देवदासु से अपने फिल्मी कैरियर की शुरूआत की। उसके बाद उन्होंने व्यावसायिक रूप से सफल फिल्म पोक्किरी (2006), जलसा (2008) और किक में अभिनय किया और अपने आप को तेलुगू सिनेमा की अग्रणी अभिनेत्रियों में स्थापित किया। 2017 में बादशाहो में काम कर चुकी है। .

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कमल हासन

कमल हासन (जन्म 7 नवम्बर 1954 को परमकुडी, मद्रास राज्य, भारत में) एक भारतीय फ़िल्म अभिनेता, पटकथा लेखक और फ़िल्म निर्माता, भारतीय सिनेमा के प्रमुख, किरदार को जीने वाले अभिनेताओं में से एक माने जाते हैं। कमल हासन, राष्ट्रीय फ़िल्म पुरस्कार और फ़िल्मफ़ेयर पुरस्कार सहित कई भारतीय फ़िल्म पुरस्कारों के विजेता के तौर पर जाने जाते हैं और उन्हें सर्वश्रेष्ठ विदेशी भाषा फ़िल्म के लिए अकादमी पुरस्कार प्रतियोगिता में भारत द्वारा प्रस्तुत सर्वाधिक फिल्मों वाले अभिनेता होने का गौरव प्राप्त है। अभिनय और निर्देशन के अलावा, वे एक पटकथा लेखक, गीतकार, पार्श्वगायक और कोरियोग्राफर हैं। उनकी फ़िल्म निर्माण कंपनी, राजकमल इंटरनेशनल ने उनकी कई फ़िल्मों का निर्माण किया। कमल हासन ने अपने 63वें जन्मदिन पर एक ऐप लॉन्च किया, जिसका नाम है 'मय्यम व्हिसल'.

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करीना कपूर

करीना कपूर (जन्म: २१ सितम्बर १९८०) बॉलीवुड फिल्मों में काम करने वाली एक भारतीय फ़िल्म अभिनेत्री हैं। कपूर फ़िल्म परिवार में जन्मी करीना ने अभिनय की शुरुआत साल २००० में रिलीज़ हुई फ़िल्म रिफ्युज़ी के साथ की। इस फ़िल्म में अपने अभिनय के लिए उन्हें फिल्मफेयर बेस्ट फीमेल डेब्यू यानि उस साल अपने अभिनय जीवन की शुरुआत करने वाली अभिनेत्रियों में से सर्वश्रेष्ठ अभिनत्री का पुरस्कार भी मिला। साल २००१ में, अपनी दूसरी फ़िल्म मुझे कुछ कहना है रिलीज़ होने के साथ ही, कपूर को अपनी पहली व्यावसायिक सफलता मिली। इसके बाद इसी साल आई करन जौहर की नाटक से भरपूर फ़िल्म कभी खुशी कभी ग़म में भी करीना नज़र आयीं। ये फ़िल्म उस साल विदेशों में सबसे ज़्यादा कमाई करने वाली भारतीय फ़िल्म बन गई और साथ ही करीना के लिए ये तब तक की सबसे बड़ी व्यावसायिक सफलता थी। २००२ और २००३ में लगातार कई फिल्मों की असफलता और एक जैसी भूमिकाएं करने की वजह से करीना को समीक्षालों से काफ़ी नकारात्मक प्रतिक्रियाएं मिलीं, उसके बाद करीना ने एक जैसी भूमिकाओं या टाईपकास्ट (typecast) से बचने के लिए ज्यादा मेहनत वाली और कठिन भूमिकाएं लेना शुरू कर दिया। फ़िल्म चमेली (Chameli) में देह व्यापार करने वाली एक लड़की की भूमिका ने उनके करियर की दिशा बदल दी। इस फ़िल्म में अपने अभिनय के लिए उन्हें फ़िल्मफेयर स्पेशल परफोर्मेंस अवार्ड या फ़िल्मफेयर विशिष्ट प्रदर्शन पुरस्कार (Filmfare Special Performance Award) भी मिला। इसके बाद, फ़िल्म समीक्षकों द्वारा बहुप्रशंसित फिल्मों देव और ओंकारा में अभिनय के लिए उन्हें फिल्मफेयर समारोह में आलोचकों की दृष्टि से दो सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री पुरस्कार (Critics Awards for Best Actress) भी मिले। २००४ और २००६ के बीच अभिनय के क्षेत्र में इतनी अलग-अलग तरह की भूमिकाएं करने के बाद उन्हें बहुमुखी प्रतिभा की धनी अभिनेत्री के रूप में जाना जाने लगा। वर्ष २००७ में, कपूर ने व्यावसायिक दृष्टि से बेहद सफल रही कॉमेडी-रोमांस फ़िल्म जब वी मेट में अपने प्रदर्शन के लिए फिल्मफेयर सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री पुरस्कार जीता.बॉक्स ऑफिस पर कमाई करने के मामले में भले ही उनकी फिल्मों का प्रदर्शन काफी अलग अलग रहा हो लेकिन करीना ख़ुद को हिन्दी फ़िल्म उद्योग में आज कल की अग्रणी फ़िल्म अभिनेत्री के रूप में स्थापित करने में सफल रही हैं। .

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कलरीपायट्टु

कलरीपायट्टु (मलयालमകളരിപയറ്റ്) दक्षिणी राज्य केरल से व्युत्पन्न भारत की एक युद्ध कला है। संभवतः सबसे पुरानी अस्तित्ववान युद्ध पद्धतियों में से एक, ये केरल में और तमिलनाडु व कर्नाटक से सटे भागों में साथ ही पूर्वोत्तर श्रीलंका और मलेशिया के मलयाली समुदाय के बीच प्रचलित है। इसका अभ्यास मुख्य रूप से केरल की योद्धा जातियों जैसे नायर, एज्हावा द्वारा, किया जाता था.

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किरन जुनेजा

किरन जुनेजा भारतीय सिनेमा की एक अभिनेत्री हैं। .

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किशोर कुमार

किशोर कुमार (जन्म: 4 अगस्त, 1929 खंडवा मध्यप्रदेश निधन: 13 अक्टूबर, 1987) भारतीय सिनेमा के मशहूर पार्श्वगायक समुदाय में से एक रहे हैं। वे एक अच्छे अभिनेता के रूप में भी जाने जाते हैं। हिन्दी फ़िल्म उद्योग में उन्होंने बंगाली, हिंदी, मराठी, असमी, गुजराती, कन्नड़, भोजपुरी, मलयालम, उड़िया और उर्दू सहित कई भारतीय भाषाओं में गाया था। उन्होंने सर्वश्रेष्ठ पार्श्वगायक के लिए 8 फ़िल्मफ़ेयर पुरस्कार जीते और उस श्रेणी में सबसे ज्यादा फ़िल्मफ़ेयर पुरस्कार जीतने का रिकॉर्ड बनाया है। उसी साल उन्हें मध्यप्रदेश सरकार द्वारा लता मंगेशकर पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। उस वर्ष के बाद से मध्यप्रदेश सरकार ने "किशोर कुमार पुरस्कार"(एक नया पुरस्कार) हिंदी सिनेमा में योगदान के लिए चालु कर दिया था। .

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कविता कृष्णमूर्ति

कविता कृष्णमूर्ति(जन्म:१९५८) भारतीय सिनेमा की एक महत्वपूर्ण पार्श्वगायिका है।कविता जब आठ साल की थीं तो उन्होंने एक गायन प्रतियोगिता में प्रथम पुरस्कार जीता। तभी से वह बड़ी होकर एक मशहूर गायिका बनने का सपना देखने लगी थीं। .

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कृष्णम राजू

Uppalapati वेंकट Krishnam राजू (जन्म 20 जनवरी, 1940) एक भारतीय फिल्म अभिनेता, जाना जाता है के लिए अपने काम करता है में तेलुगू सिनेमाहै। उन्होंने व्यापक रूप से जाना जाता है के रूप में विद्रोही स्टार के लिए अपने विद्रोही अभिनय शैली है। वह भी विजेता के उद्घाटन नंदी पुरस्कार के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेता.

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के बालाचंदर

कैलाशम बालाचंदर (९ जुलाई, १९३०) एक भारतीय फिल्म, निर्माता, निर्देशक और पटकथा लेखक हैं। इन्होंने तमिल, कन्नड़, तेलुगु, मलयालम और हिन्दी सिनेमा में फिल्म निर्माता, निर्देशक और पटकथा लेखक के रूप में कार्य किया है। .

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अनुपमा चोपड़ा

अनुपमा चोपड़ा (जन्म 23 फ़रवरी 1967) एक भारतीय लेखक, पत्रकार और फ़िल्म समीक्षक हैं। उन्होंने भारतीय सिनेमा पर काफ़ी किताबें लिखीं हैं और NDTV, India Today के साथ-साथ हिंदुस्तान टाइम्स के लिए फ़िल्म समीक्षक का काम किया है। उन्होंने स्टार वर्ल्ड पर साप्ताहिक फिल्म समीक्षा शो द फ़्रंट रो विद अनुपमा चोप्रा को भी होस्ट किया है। .

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अमिताभ बच्चन

अमिताभ बच्चन (जन्म-११ अक्टूबर, १९४२) बॉलीवुड के सबसे लोकप्रिय अभिनेता हैं। १९७० के दशक के दौरान उन्होंने बड़ी लोकप्रियता प्राप्त की और तब से भारतीय सिनेमा के इतिहास में सबसे प्रमुख व्यक्तित्व बन गए हैं। बच्चन ने अपने करियर में कई पुरस्कार जीते हैं, जिनमें तीन राष्ट्रीय फ़िल्म पुरस्कार और बारह फ़िल्मफ़ेयर पुरस्कार शामिल हैं। उनके नाम सर्वाधिक सर्वश्रेष्ठ अभिनेता फ़िल्मफेयर अवार्ड का रिकार्ड है। अभिनय के अलावा बच्चन ने पार्श्वगायक, फ़िल्म निर्माता और टीवी प्रस्तोता और भारतीय संसद के एक निर्वाचित सदस्य के रूप में १९८४ से १९८७ तक भूमिका की हैं। इन्होंने प्रसिद्द टी.वी.

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अलका याज्ञिक

अलका याज्ञिक भारतीय सिनेमा की एक प्रसिद्ध पार्श्वगायिका हैं। वे हिंदी सिनेमा में तीन दशकों तक अपनी गायकी के लिए विख्यात हैं। हिंदी सिनेमा में वे सबसे ज्यादा गाने रिकॉर्ड करने वाली पांचवी पार्श्वगायिका हैं। उन्हें फ़िल्मफ़ेयर सर्वश्रेष्ठ पार्श्व गायिका पुरस्कार के ३६ नामांकनों में से ७ बार पुरस्कार मिल चुका है जो कि खुद में एक रिकॉर्ड है। उन्हें दो राष्ट्रीय पुरस्कार भी प्राप्त है। साथ ही उनके २० गाने बीबीसी के "बॉलीवुड के श्रेष्ठ ४० सदाबहार साउंडट्रैक" में शामिल हैं। उनके कुछ हिट गानों में से हैं — "कुछ कुछ होता है", "टिप टिप बरसा पानी", "परदेसी परदेसी", "छम्मा छम्मा", "पूछो ज़रा पूछो", "एक दो तीन", "चाँद छुपा बादल में", "लाल दुपट्टा", "मुझको राणाजी" और "बाज़ीगर ओ बाज़ीगर"। .

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अशोक कुमार (अभिनेता)

अशोक कुमार (অশোক কুমার; १३ अक्टूबर १९११, भागलपुर, कुमुद कुमार गांगुली - १० दिसम्बर २००१, मुंबई) हिन्दी फ़िल्मों के एक अभिनेता थे। सन् १९९९ में भारत सरकार ने उन्हें कला के क्षेत्र में उनके योगदानों के लिए पद्म भूषण से सम्मानित किया। ये महाराष्ट्र राज्य से थे। .

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अंतर्राष्ट्रीय भारतीय फ़िल्म अकादमी पुरस्कार

अंतर्राष्ट्रीय भारतीय फ़िल्म अकादमी पुरस्कार जो कि सामान्यत: आई आई एफ ए के नाम से भी जाने जाते हैं, दुनिया भर में भारतीय चलचित्र के योगदान के सम्मान स्वरूप में दिये जाते हैं। .

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अक्षय कुमार को प्राप्त पुरस्कारों और नामांकनों की सूची

यह भारतीय अभिनेता अक्षय कुमार को प्राप्त पुरस्कारों और नामांकनों की सूची है। अक्षय कुमार (जन्म ९ सितम्बर १९६७ को राजीव हरी ओम भाटिया) भारतीय अभिनेता फ़िल्म निर्माता और युद्ध कला का कलाकार हैं। उन्होंने अब तक सैकड़ों हिन्दी फ़िल्मों में अभिनय किया है। उन्हें कई बार फ़िल्मफ़ेयर पुरस्कारों के लिए नामित किया गया और ३ बार उन्होंने ये पुरस्कार जीता। सन् २००८, २०११ और २०१३ में उन्होंने वर्ष के पुरुष सितारे का स्टारडस्ट पुरस्कार जीता। वर्ष २००८ में, विंडसर विश्वविद्यालय ने भारतीय सिनेमा में उनके योगदानों के लिए कुमार को विधि में मानद डॉक्ट्रेट की उपाधि प्रदान की। अगले वर्ष उन्हें भारत सरकार ने पद्म श्री से पुरस्कृत किया। सिनेमा के क्षेत्र में उत्कृष्ट उपलब्धि के लिए कुमार को द एशियन अवार्ड से नवाज़ा गया। .

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अक्किनेनी नागार्जुन

अक्किनेनी नागार्जुन (तेलुगू: అక్కినేని నాగార్జున; जन्म २९ अगस्त १९५९) एक भारतीय फिल्म अभिनेता, निर्माता, नर्तक, उद्यमी और टेलीविजन प्रस्तोता है जो मुख्यतः तेलुगू सिनेमा और टेलीविजन में काम करते है। .

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ऋत्विक घटक

ऋत्विक घटक (ঋত্বিক (কুমার) ঘটক, ऋतिक (कुमार) घोटोक; 4 नवम्बर 1925 से 6 फ़रवरी 1976) एक बंगाली भारतीय फिल्म निर्माता और पटकथा लेखक थे। भारतीय फिल्म निर्देशकों के बीच घटक का स्थान सत्यजीत रे और मृणाल सेन के समान है। .

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ऋषिकेश मुखर्जी

ऋषिकेश मुखर्जी एक भारतीय फिल्मकार थे। हृषिकेश दा का भारतीय सिनेमा जगत में अपने विशिष्ट योगदान के लिए जाने जाते हैं। .

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