लोगो
यूनियनपीडिया
संचार
Google Play पर पाएं
नई! अपने एंड्रॉयड डिवाइस पर डाउनलोड यूनियनपीडिया!
डाउनलोड
ब्राउज़र की तुलना में तेजी से पहुँच!
 

आर्यासप्तशती

सूची आर्यासप्तशती

आर्यासप्तशती संस्कृत में मुक्तक गीति-कविताओं वाली एक कृति है। यह गोवर्धनाचार्य की रचना मानी जाती है। इसमें 700 आर्याएँ संग्रहीत होनी चाहिए परंतु विभिन्न संस्करणों में आर्याओं की संख्या 760 तक पहुंच गई है। अत: यह कहना कठिन है कि उपलब्ध आर्यासप्तशती क्षेपकों से रहित है। .

5 संबंधों: बिहारी, शालिवाहन, संस्कृत भाषा, गाथासप्तशती, गोवर्धनाचार्य

बिहारी

कोई विवरण नहीं।

नई!!: आर्यासप्तशती और बिहारी · और देखें »

शालिवाहन

सम्राट विक्रमादित्य के ५९ वर्ष बाद शालिवाहन परमार की राज्याभिषेक ७७ (इ.) हुआ था तो मुर्ख वामपंथी यह तथ्य बिलकुल गलत हैं की सम्राट विक्रमादित्य के हत्यारे उनके परपोत्र शालिवाहन ने किया हैं। .

नई!!: आर्यासप्तशती और शालिवाहन · और देखें »

संस्कृत भाषा

संस्कृत (संस्कृतम्) भारतीय उपमहाद्वीप की एक शास्त्रीय भाषा है। इसे देववाणी अथवा सुरभारती भी कहा जाता है। यह विश्व की सबसे प्राचीन भाषा है। संस्कृत एक हिंद-आर्य भाषा हैं जो हिंद-यूरोपीय भाषा परिवार का एक शाखा हैं। आधुनिक भारतीय भाषाएँ जैसे, हिंदी, मराठी, सिन्धी, पंजाबी, नेपाली, आदि इसी से उत्पन्न हुई हैं। इन सभी भाषाओं में यूरोपीय बंजारों की रोमानी भाषा भी शामिल है। संस्कृत में वैदिक धर्म से संबंधित लगभग सभी धर्मग्रंथ लिखे गये हैं। बौद्ध धर्म (विशेषकर महायान) तथा जैन मत के भी कई महत्त्वपूर्ण ग्रंथ संस्कृत में लिखे गये हैं। आज भी हिंदू धर्म के अधिकतर यज्ञ और पूजा संस्कृत में ही होती हैं। .

नई!!: आर्यासप्तशती और संस्कृत भाषा · और देखें »

गाथासप्तशती

सामान्य लोक जीवन का चित्रण गाहा सत्तसई (संस्कृत: गाथासप्तशती) प्राकृत भाषा में गीतिसाहित्य की अनमोल निधि है। इसमें प्रयुक्त छन्द का नाम "गाथा" छन्द है। इसमें ७०० गाथाएँ हैं। इसके रचयिता हाल या शालिवाहन हैं। इस काव्य में सामान्य लोकजीवन का ही चित्रण है। अत: यह प्रगतिवादी कविता का प्रथम उदाहरण कही जा सकती है। इसका समय बारहवीं शती मानी जाती है। .

नई!!: आर्यासप्तशती और गाथासप्तशती · और देखें »

गोवर्धनाचार्य

गोवर्धनाचार्य एक भक्त कवि थे जो जयदेव के समकालीन थे। वे बंगाली कवि थे। आर्यासप्तशती नामक मुक्तक कविताओं का संग्रह गोवर्धन की कृति मानी जाती है। .

नई!!: आर्यासप्तशती और गोवर्धनाचार्य · और देखें »

निवर्तमानआने वाली
अरे! अब हम फेसबुक पर हैं! »